​Kohli reaction when Mushfiquer. . 

​Kohli reaction when Mushfiquer Rahim called DRS for LBW when the ball hit full face of the bat.. 😉 

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एक सीजन में 1,000 रन बनाने वाले पहले भारतीय कप्तान बने विराट कोहली

हैदराबाद में बांग्लादेश के खिलाफ एकमात्र टेस्ट में बल्लेबाजी करते हुए विराट कोहली ने एक सीजन में बतौर कप्तान 1,000 रन पूरे किए। उन्होंने ये कारनामा 66वें ओवर में ताइजुल इस्लाम की गेंद पर एक रन बटोरकर मुकम्मल किया। इस टेस्ट के पहले कोहली के नाम वर्तमान 2016-17 सीजन में कुल 964 रन थे। बतौर खिलाड़ी कोहली ये कारनामा करने वाले सातवें भारतीय क्रिकेटर बने। उनके पहले ये कारनामा गौतम गंभीर(1,269 साल 2008-09 में), राहुल द्रविड़(1,241 साल 2003-04 में और 1,006 साल 2002 में)), मोहिंदर अमरनाथ1,182 साल 1982-83 में), सुनिल गावस्कर( 1,179 साल 1978-79, 1,027 साल 1979-80 में) और वीरेंद्र सहवाग(1,128 साल 2004-05 में और 1.079 साल 2003-04 में) ने मुकम्मल किया है।

इसके अलावा कोहली विश्वस्तर पर एक सीजन में सर्वाधिक रन बनाने वाले सातवें कप्तान बने। उनके पहले ये कारनामा रिकी पोंटिंग(1,483 साल 2005-06), ब्रायन लारा(1,253 साल 2003-04 में), माइकल क्लार्क(1,178 साल 2012-13, 1,141 साल 2011- 12 में), ग्रीम स्मिथ(1,107 साल 2011-12), ग्राहम गूच(1,058 साल 1990 में) और बॉब सिम्पसन(1,007 साल 1964-65) अपने नाम कर चुके हैं। इस बेहतरीन कारनामें के अलावा, कोहली ने सचिन तेंदुलकर ने एक सीजन में बतौर कप्तान चौकों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। इस मैच के पहले कोहली के नाम 106 चौके थे और अब वह उन्होंने सचिन के द्वारा साल 1999-2000 सीजन में जड़े गए 109 चौकों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है।

इसके अलावा कोहली 2016-17 सीजन में अब तक तीन शतक जड़ चुके हैं। यह दूसरा मौका है जब कोहली ने बतौर कप्तान तीन शतक जड़े हैं। इसके पहले उन्होंने 2014-15 सीजन में ये कारनामा मुकम्मल किया था। यह कीर्तिमान प्राप्त करने वाले वह दूसरे भारतीय कप्तान हैं। उनके पहले सुनील गावस्कर ने साल 1978-79 और 1979-1980 में तीन- तीन शतक जड़े थे।

साल 2016 वन डे क्रिकेट की 10 सबसे बड़ी पारियां, कौनसी पारी लगती सबसे बेस्ट ? टिप्पणी करें

साल 2016 अपने साथ देश और दुनिया की तमाम खबरों, यादों के साथ विदा लेने को है। वैसे यह साल क्रिकेट के लिहाज से काफी अच्छा रहा, खासतौर पर भारत, दक्षिण अफ्रीका जैसी टीमों के लिए। इस साल में वनडे क्रिकेट में 10 मौके ऐसे आए जब बल्लेबाजों ने एक पारी में 150 या उससे ज्यादा रन बनाए। लेकिन इस साल कोई भी खिलाड़ी दोहरे शतक के आंकड़े को नहीं छू सका। जबकि साल 2015 में दो खिलाड़ियों ने वनडे में दोहरा शतक जड़ा था। दुनिया की कई टीमों के खिलाड़ियों ने बेहतरीन पारियां खेलीं। आईए साल 2016 की दस बड़ी पारियों पर नज़र डालते हैं

क्विंटन डि कॉक

दक्षिण अफ्रीका के विकेट कीपर बल्लेबाज क्विंटन डि कॉक साल 2016 में सबसे लंबी वनडे पारी खेलने वाले बल्लेबाज रहे। कॉक ने सितंबर में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेंचुरियन में 113 गेंदों में आतिशी 178 रन बनाए। पारी के दौरान उनका स्ट्राइक रेट 157.52 का रहा। अपनी इस पारी के दौरान उन्होंने 11 गगनचुंबी छक्के भी लगाए। इसके साथ 14 चौके भी जड़े।

डेविड वार्नर

ऑस्ट्रेलिया के डेविड वार्नर इस साल 150 रनों से ज्यादा की दो पारियां खेलने वाले इकलौते बल्लेबाज रहे। वॉर्नर की दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अक्टूबर में दक्षिण अफ्रीका के केपटाउन में खेली पारी साल 2016 की दूसरी सबसे लंबी पारी रही। वार्नर अपनी इस आतिशी पारी के दौरान 136 गेंदें खेलीं और 173 रन बनाए। इस पारी में वार्नर ने 24 चौके लगाए।

रोहित शर्मा

वनडे क्रिकेट में दो दोहरे शतक जड़ चुके रोहित शर्मा ने साल 2016 की शुरुआत बेहद आतिशी अंदाज में की थी। रोहित ने पर्थ की तेजतर्रार पिच पर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 163 गेंदों में नाबाद 171 रन बनाए थे। यह पारी रोहित के चिर परिचित अंदाज से थोड़ी परे थी लेकिन रोहित ने 13 चौके और 7 छक्के जड़ दिए थे। रोहित साल 2016 में 150 रनों के आंकड़े को पार करने वाले पहले खिलाड़ी भी रहे।

एलेक्स हेल्स

इंग्लैंड के बल्लेबाज एलेक्स हेल्स साल 2016 में सबसे लंबी वनडे पारी खेलने वालों की सूची में चौथे स्थान पर रहे। हेल्स ने अगस्त में पाकिस्तान के खिलाफ 122 गेंदों में शानदार 171 रन बनाए। अपनी इस पारी के दौरान उन्होंने 22 चोके और 4 छक्के भी लगाए। इस आतिशी पारी के दौरान उनका स्ट्राइक रेट 140.16 रहा।

स्टीव स्मिथ

क्रिकेट का सुपरमैन कहे जाने वाले ऑस्ट्रेलियाई कप्तान स्टीव स्मिथ ने साल की पांचवी सबसे बड़ी पारी खेली। स्मिथ ने दिसंबर में न्यूजीलैंड के खिलाफ सिडनी में खेले गए मैच में 157 गेंदों में 164 रन बनाए। पारी के दौरान उनका स्ट्राइक रेट 104.45 का रहा। अपनी इस मैराथन पारी में स्मिथ ने 14 चौके और 4 छक्के भी लगाए।

जेसन रॉय

इंग्लैंड के बल्लेबाज जेसन रॉय ने साल की छठी सबसे लंबी एकदिवसीय पारी खेली। रॉय ने जुलाई में इंग्लैंड के ओवल मैदान पर श्रीलंका के खिलाफ 118 गेंदों में 162 रन बनाए। अपनी इस पारी के दौरान उन्होंने 13 चौके और 3 छक्के भी जमाए। पारी के दौरान उनका स्ट्राइक रेट 137.28 का रहा।

एडमंड जॉएस

आयरलैंड के बल्लेबाज एडमंड जॉयस ने साल 2016 की सातवीं सबसे बड़ी पारी खेली। वह किसी भी एसोसिएट नेशन की ओर से सबसे लंबी पारी खेलने वाले खिलाड़ी भी रहे। एडमंड ने अफगानिस्तान के खिलाफ जुलाई में बेलफास्ट में 148 गेंदों में नाबाद 160 रन बनाए थे। अपनी इस पारी के दौरान उन्होंने 19 चौके और 3 छक्के भी जड़े। पारी के दौरान उनका स्ट्राइक रेट 108.10 का रहा।

डेविड वार्नर

साल 2016 की आठवीं सबसे बड़ी पारी ऑस्ट्रेलिया के आतिशी बल्लेबाज डेविड वार्नर के नाम रही। वार्नर ने दिसंबर में न्यूजीलैंड के खिलाफ मेलबर्न में 128 गेंदों में 156 रन बनाए। जिसमें 13 चौके और 4 छक्के शामिल थे। पारी के दौरान वार्नर का स्ट्राइक रेट 121.87 का रहा।

विराट कोहली

टीम इंडिया के टेस्ट कप्तान विराट कोहली के लिए साल 2016 बहुत बेहतरीन रहा। विराट ने इस साल हर फॉर्मेट में रन बनाए। विराट इस साल वनडे क्रिकेट की सबसे लंबी पारी खेलने वालों की सूची में नौवें स्थान पर रहे। विराट ने अक्टूबर में न्यूजीलैंड के खिलाफ मोहाली में खेले गए वनडे मैच में 154 रनों की नाबाद पारी खेलकर टीम इंडिया को विजयी बनाया था। विराट ने 134 गेंदों में 154 रन बनाए थे जिसमें 16 चौके और 1 छक्का शामिल था।

सरजील खान

पाकिस्तानी बल्लेबाज सरजील खान इस साल वनडे की सबसे बड़ी पारी खेलने वालों में दसवें स्थान पर रहे। सरजील ने अगस्त में आयरलैंड के खिलाफ डबलिन में 86 गेंदों में 152 रन बनाए थे। अपनी इस आतिशी पारी के दौरान सरजील ने 16 चौके और 9 गगनचुंबी छक्के जड़े थे। बांए हाथ के सलामी बल्लेबाज सरजील ने 61 गेंदों में ही अपना शतक पूरा कर लिया था। स्ट्राइक रेट के लिहाज से यह साल 2016 की सबसे तेज 150 रन की पारी रही सरजील ने मैच में 176.74 की औसत से रन बनाए थे।

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IPL में चेन्नई सुपर किंग्स के अब तक के 5 सबसे महंगे खिलाड़ी

चेन्नई सुपर किंग्स की टीम IPL से 2 साल के लिए निलंबित चल रही है। लेकिन आईपीएल में चेन्नई सुपर किंग्स का प्रदर्शन काफी बढ़िया रहा है। चेन्नई की टीम अब तक 2 आईपीएल का खिताब और 2 बार चैंपियंस लीग टी-20 का खिताब जीत चुकी है। बिना किसी शक के सीएसके की टीम आईपीएल की सबसे सफल टीम है।

2008 में इंडिया सीमेंट्स ने उन्हें $91 मिलियन में खरीदा था। तब चेन्नई की टीम चौथी सबसे महंगी टीम थी।  सीएसके की टीम ने आईपीएल में लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है।

चेन्नई की टीम की सबसे खास बात ये रही कि उन्होंने अपनी टीम के मुख्य खिलाड़ियों का साथ कभी नहीं छोड़ा। हर साल सीएसके फ्रेंचाइजी ने सोच-समझकर पैसा खर्च किया। हालांकि कई अहम खिलाड़ियों के लिए उन्होंने खूब पैसा भी खर्च किया। चाहे आईपीएल के पहले सीजन में महेंद्र सिंह धोनी रहे हों या फिर 2012 में रविंद्र जडेजा।

इनमें से कई खिलाड़ी हर बार सफल नहीं रहे। लेकिन कई अहम मौकों पर इन खिलाड़ियों ने अच्छा प्रदर्शन कर टीम को जीत भी दिलाई।

आइए आपको बताते चेन्नई सुपर किंग्स के अब तक के 5 सबसे महंगे खिलाड़ियों के बारे में

5. सुब्रमण्यम बद्रीनाथ $850,000

दुर्भाग्यवश सुब्रमण्यम बद्रीनाथ का अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट करियर अच्छा नहीं रहा है। ये उनकी खराब किस्मत ही रही कि ऐसे समय में उनका उदय हुआ जब भारतीय क्रिकेट टीम में कई युवा खिलाड़ी शानदार प्रदर्शन कर रहे थे और कई खिलाड़ी नेशनल टीम में दस्तक दे रहे थे। लेकिन वहीं दूसरी तरफ बात अगर उनके आईपीएल करियर की करें तो चेन्नई सुपर किंग्स के वो सबसे भरोसेमंद खिलाड़ियों में से एक रहे हैं।

हालांकि वो बहुत ज्यादा आक्रामक और तूफानी बल्लेबाज नहीं हैं फिर भी उन्होंने टीम के लिए लगातार उपयोगी पारियां खेली हैं। जब भी टीम संकट में दिखी तब बद्रीनाथ ने पूरी जिम्मेदारी से टीम को संभाला। ये उनकी योग्यता ही थी कि 2011 की नीलामी में चेन्नई सुपर किंग्स की टीम ने $850,000 की भारी-भरकम रकम अदा कर उन्हें खरीदा, जबकि उनकी बेस प्राइज मात्र $100,000 ही थी।

हालांकि ज्यादातर मौकों पर बद्रीनाथ बड़ा स्कोर नहीं बना सके हैं फिर भी वो टीम के बैटिंग आर्डर को स्थिरता प्रदान करते हैं। वहीं दूसरी तरफ अपनी फील्डिंग से वो काफी रन भी बचाते हैं।

4.रविचंद्रन अश्विन-$850,000

2010 के आईपीएल सीजन में अश्विन ने चेन्नई सुपर किंग्स की तरफ से  खेलते हुए 12 विकेट झटके थे, जिसकी वजह से सीएसके की टीम आईपीएल का टाइटल जीतने में सफल रही थी। वहीं चैंपियंस लीग टी-20 में भी उन्होंने 13 विकेट झटके। ये चैंपियनशिप भी सीएसके की टीम के नाम रही थी। इसके बाद से अश्विन चेन्नई की टीम के नियमित सदस्य रहे हैं।
उनकी काबिलियत की अंदाजा इसी बात से लग जाता है कि चेन्नई टीम मैनेजमेंट ने उनको उनकी बेस प्राइज से 8 गुना ज्यादा रकम देकर खरीदा था। उनका बेस प्राइज केवल $100,000 था लेकिन चेन्नई की टीम ने  $850,000 की रकम अदा कर उन्हें टीम में शामिल किया। इसकी वजह से वो 2011 की आईपीएल नीलामी में सबसे महंगे खिलाड़ी साबित हुए। तब से लेकर अब तक वो चेन्नई की टीम का हिस्सा रहे हैं।

2011 की आईपीएल नीलामी तक अश्विन ने चेन्नई के लिए 6.07 की औसत से 20 मैचों में 28 विकेट लिए थे। इसके बाद से अश्विन अब तक चेन्नई  के लिए 7 से भी कम औसत से 121 मैचों में 120 विकेट चटका चुके हैं। वो टीम के लीडिंग विकेट टेकर हैं और उन्होंने खुद को दुनिया का बेस्ट गेंदबाज साबित किया है।

3. महेंद्र सिंह धोनी – $1.5 million

2007 में हुए पहले टी-20 वर्ल्ड कप में महेंद्र सिंह धोनी ने शानदार कप्तानी करते हुए भारतीय़ टीम को जीत दिलाई थी। इसके बाद जब 2008 में आईपीएल की शुरुआत हुई तो धोनी सबसे बड़े मैच विनर खिलाड़ी थे।  तब चेन्नई की टीम ने उन्हें रिकॉर्ड $ 1.5 million देकर खरीदा था। 2008 में उससे ज्यादा पैसे केवल 2 खिलाड़ियों को मिले थे।

बहुत से लोगों ने ये सोचा कि शायद चेन्नई टीम मैनेजमेंट ने धोनी पर ज्यादा पैसा खर्च कर दिया है। लेकिन उसके बाद 2 आईपीएल टाईटल और 2 चैपियंस लीग का टाइटल जीतकर उन्होंने दिखा दिया कि क्यों सीएसके ने उन पर इतना पैसा खर्च किया था।  धोनी वर्तमान में आईपीएल के सबसे सफल कप्तान हैं और उन्होंने खुद को एक बड़े खिलाड़ी के तौर पर भी स्थापित किया है।

विपरीत परिस्थितियों में शांत रहने, कभी ना हार मानने का जज्बा उन्हें और खिलाड़ियों से अलग बनाती है। मुश्किल से मुश्किल हालात में भी वो टीम को संकट से निकाल लाते हैं। ये काबिलियत उनके अंदर कूट-कूटकर भरी हुई है।

2008 में वो चेन्नई की टीम के सबसे महंगे खिलाड़ी थी। हालांकि बाद में चेन्नई की टीम ने उनसे भी ज्यादा रकम देकर और खिलाड़ियों को खरीदा।

2. एंड्र्यू फ्लिंटॉफ- $1.55 million

एंड्र्यू फ्लिंटॉफ 2009 की आईपीएल नीलामी में सबसे महंगे खिलाड़ी साबित हुए। लेकिन अपनी कीमत के हिसाब से वो कभी भी अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए।

2009 की आईपीएल नीलामी से पहले ही उन्हें टीम में लाने की कवायद शुरु हो गई थी। बाद में खुलासा हुआ कि पूर्व आईपीएल चेयरमैन ललित मोदी की कृपा से उन्हें टीम में शामिल किया गया और उनके लिए $1.55 मिलियन की भारी-भरकम रकम अदा की गई।

चेन्नई की टीम के पास पूरे 2 मिलियन खर्च करने के लिए थे। सीएसके तब पसंदीदा टीम थी जिसके बारे में मोदी ने बाद में खुलासा किया उन्होंने सीएनएन-आईबीएन को दिए एक इंटरव्यू में ये बात कही। जिसके बाद फ्लिंटॉफ, केविन पीटरसन के साथ सबसे महंगे खिलाड़ी बने। केविन पीटरसन को रॉयल चैलेंजर्स बैंगलुरु की टीम ने खरीदा था। इसको लेकर काफी विवाद भी हुआ था।

हालांकि चेन्नई सुपर किंग्स की तरफ से खेलते फ्लिंटॉफ कभी भी फॉर्म में नहीं दिखे। हर मौके पर उन्होंने निराश किया। इस बात को उन्होंने खुद भी स्वीकार किया है कि सीएसके की टीम में रहते हुए वो अच्छा नहीं कर पाए।

फ्लिंटॉफ ने सीएसके की तरफ से 31 की औसत से महज 62 रन बनाए। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 116.9 था। वहीं 3 मैचों में 9.54 के इकॉनामी रेट से वो मात्र 2 ही विकेट ले सके। उसी आईपीएल सीजन में वो चोटिल हो गए और पूरे टूर्नामेंट से बाहर हो गए। हालांकि उसी साल उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास भी ले लिया इसके बाद उन्होंने कभी भी आईपीएल में हिस्सा नहीं लिया।

1.रविंद्र जडेजा-$2 million

आईपीएल के शुरुआती 2 संस्करण 2008 और 2009 में चेन्नई की टीम में सबसे ज्यादा महंगे खिलाड़ियों की भरमार थी। लेकिन टीम कभी खिताब नहीं जीत पाई। इसके बाद अगली 2 नीलामी में चेन्नई की टीम ने ज्यादा पैसा नहीं खर्च किया, फिर भी 2010 और 2011 का आईपीएल खिताब जीत लिया। एक बार टीम सेट हो जाने के बाद 2012 की नीलामी में चेन्नई की टीम ने दिल खोलकर पैसा खर्च किया और 2012 का सबसे महंगा खिलाड़ी खरीदा।

2012 की नीलामी केवल 3 खिलाड़ी ही $1 मिलियन के आंकड़े को छू पाए थे। इनमें से सबसे बड़ा नाम था रविंद्र जडेजा का। जडेजा को खरीदने के लिए डेक्कन चार्जस हैदराबाद और चेन्नई की टीम में कड़ा मुकाबला देखने को मिला अंत में चेन्नई की टीम ने बाजी मार ली।

कुछ लोगों को उम्मीद थी कि जडेजा सबसे महंगे खिलाड़ी का रिकॉर्ड अपने नाम कर लेंगे। क्योंकि इससे पहले वो 2008 के शुरूआती सीजन में वो राजस्थान रॉयल्स की विनिंग टीम का हिस्सा था। इससे अगले सीजन में कोच्चि टस्कर्स की टीम ने उन्हें $950,000 में खरीदा था। सितंबर 2011 में कोच्चि की टीम ने जडेजा को रिलीज कर दिया जिसके बाद 2012 की नीलामी में चेन्नई की टीम ने $2 मिलियन खर्च कर उन्हें खरीदा।

चेन्नई की टीम में रविचंद्रन अश्विन के साथ उनकी जोड़ी काफी सफल रही। यही नहीं अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में भी भारतीय टीम को इस जोड़ी ने कई मैच जिताए। इसके अलावा निचले क्रम में उपयोगी बल्लेबाजी करते हुए वो सीएसके के लिए 800 से भी ज्यादा रन बना चुके हैं। वहीं अब तक वो 64 विकेट भी हासिल कर चुके हैं। जब सीएसके की टीम ने उन्हें खरीदा था तब शायद सोचा भी नहीं होगा कि वो टीम के लिए ब्लॉकबस्टर खिलाड़ी साबित होंगे।